खाद्य सुरक्षा विभाग की बड़ी कार्रवाई, 35 प्रतिष्ठानों का निरीक्षण, 12 नमूने जांच को भेजे
कांवड़ मेला-2026 के दौरान श्रद्धालुओं को सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के उद्देश्य से खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन, हरिद्वार का विशेष अभियान लगातार जारी है। खाद्य सुरक्षा आयुक्त विनय शंकर पाण्डेय एवं जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के निर्देश पर सोमवार को जनपद में 35 खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया तथा 12 खाद्य नमूने प्रयोगशाला जांच के लिए संग्रहित किए गए।
सहायक आयुक्त/अभिहित अधिकारी महिमानन्द जोशी के निर्देशन में गठित तीन टीमों ने कांवड़ मेला क्षेत्र, कांवड़ पटरी मार्ग, ढाबों, होटलों, रेस्टोरेंटों, डेयरियों और अस्थायी खाद्य स्टॉलों का सघन निरीक्षण किया।

निरीक्षण के दौरान आर्य नगर, ज्वालापुर की एक डेयरी से खुले पनीर और दूध के नमूने लिए गए। वहीं सचल खाद्य विश्लेषणशाला (एफएसडब्ल्यू) के माध्यम से रोड़ी बेलवाला क्षेत्र के विभिन्न प्रतिष्ठानों से मसाले, डेयरी उत्पाद, तेल, नमक, चाय और चीनी सहित 64 खाद्य पदार्थों की मौके पर जांच की गई। इनमें सात नमूने अधोमानक पाए जाने पर संबंधित खाद्य सामग्री को जब्त कर तत्काल नष्ट कराया गया। साथ ही खुली हल्दी और लाल मिर्च पाउडर के नमूने भी जांच के लिए लिए गए।

बहादराबाद, धनौरी और कलियर क्षेत्र में निरीक्षण के दौरान कोल्ड ड्रिंक एवं जूस की दुकानों पर एक्सपायरी उत्पाद नहीं मिले, जिससे राहत की स्थिति रही। हालांकि एक पेयजल निर्माता कंपनी को लेबलिंग नियमों का उल्लंघन करने पर नोटिस जारी किया गया। इसके अलावा कोल्ड ड्रिंक, पान मसाला, चावल और नूडल्स के नमूने भी जांच के लिए भेजे गए।

रुड़की और भगवानपुर क्षेत्र में भी खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर कारोबारियों को खाद्य पंजीकरण, स्वच्छता, मूल्य सूची प्रदर्शित करने तथा कालातीत खाद्य सामग्री का विक्रय न करने के निर्देश दिए गए। यहां से दुग्ध एवं अन्य पेय पदार्थों के तीन नमूने संग्रहित किए गए।
दिनभर चले अभियान में खुली हल्दी, लाल मिर्च पाउडर, पान मसाला, चार कोल्ड ड्रिंक, चावल, नूडल्स, खुला पनीर और दो दूध के नमूनों सहित कुल 12 नमूने राज्य प्रयोगशाला भेजे गए।

खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन के अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि कांवड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं को सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने और खाद्य सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित कराने के लिए यह विशेष अभियान लगातार जारी रहेगा।


















