युवा जागरण शिविर में दिल्ली के युवाओं ने सीखा व्यक्तित्व से राष्ट्र निर्माण तक का मंत्र
गंगा तट पर सूर्य ध्यान से दिन की शुरुआत, वैज्ञानिक अध्यात्मवाद और युवा नेतृत्व पर हुआ मंथन
गायत्री तीर्थ शांतिकुंज में आयोजित दो दिवसीय युवा जागरण शिविर का आज समापन हो गया। शिविर में युवाओं ने व्यक्तित्व निर्माण के साथ जीवन में सकारात्मक सोच, अनुशासन और रचनात्मकता को अपनाने के गुर सीखे। गंगा तट पर सूर्य ध्यान के माध्यम से युवाओं ने एकाग्रता, आत्मबल और सकारात्मक ऊर्जा का अनुभव किया। यह शिविर आत्मचिंतन और राष्ट्र निर्माण की दिशा देने वाला रहा। शिविर के दौरान प्रतिभागियांे ने अखिल विश्व गायत्री परिवार प्रमुख श्रद्धेय डॉ प्रणव पण्ड्या व श्रद्धेया शैलदीदी से भेंटकर मार्गदर्शन व आशीर्वाद लिया।

सत्र के समापन अवसर पर युवा प्रकोष्ठ के समन्वयक श्री केदार प्रसाद दुबे ने कहा कि सृजनशील और जाग्रत युवा ही राष्ट्र का भविष्य हैं। युवाओं की ऊर्जा को सही दिशा देकर समाज और राष्ट्र के विकास में प्रभावी भूमिका निभाई जा सकती है। उन्होंने रचनात्मक अभियानों में युवा नेतृत्व क्षमता पर चर्चा करते हुए युवाओं को समाजहित के कार्यों में आगे आने के लिए प्रेरित किया। श्री दुबे ने नेतृत्व के साथ सेवा, संवेदना और टीम भावना को जरूरी बताया।
इससे पूर्व श्री अशरण शरण श्रीवास्तव ने वैज्ञानिक अध्यात्मवाद विषय पर विज्ञान और अध्यात्म के समन्वय को समझाया। उन्होंने कहा कि वैज्ञानिक दृष्टिकोण और आध्यात्मिक मूल्यों का संतुलन युवा जीवन को अधिक विवेकपूर्ण और उद्देश्यपूर्ण बना सकता है।
कुल नौ सत्र में सम्पन्न हुए इस शिविर में युगऋषि पं. श्रीराम शर्मा आचार्य की युग निर्माण योजना में युवाओं की भूमिका पर विस्तृत चर्चा की गयी। युवाओं से आह्वान किया गया कि वे व्यसन और नकारात्मक प्रवृत्तियों से दूर रहकर अपनी ऊर्जा को सृजन में लगाएं और राष्ट्र निर्माण के अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाएं।
शिविर समन्वयक ने बताया कि शिविर में राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र के दिया (डिवाइन इंडिया यूथ एसोसिएशन) से जुड़े 300 से अधिक युवा प्रतिभागी शामिल हुए। इनमें प्रशासनिक, न्यायिक, मीडिया सहित विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े युवा शामिल हैं। प्रतिभागियों ने कहा कि शिविर में रचनात्मक अभियानों, नेतृत्व क्षमता के विकास और सामाजिक सरोकारों से जुड़े हैं। शिविर में दिल्ली दिया से मनीष कुमार सिंह, विनय पाण्डेय, विनय रामाकृष्ण, राजाराम, सुश्री नविता, ओंकार शर्मा, बंटी कुमार, ऋतुराज बसंत सहित अन्य युवा कार्यकर्ता उपस्थित रहे।


















