नेशनल इंटर कॉलेज धनौरी की प्रबंधक कमेटी पर वित्तीय अनियमितता के आरोप, डीएम और एसएसपी से की शिकायत
हरिद्वार के रुड़की स्थित नेशनल इंटर कॉलेज धनौरी की प्रबंध समिति पर फर्जीवाड़े के आरोप लगाए गए। सामाजिक संस्था नेशनल पब्लिक ट्रस्ट के सचिव प्रियांशु कांबोज और संस्था के विधि विशेषज्ञ कृष्णकांत ने सोमवार को रोशनाबाद स्थित एसएसपी कार्यालय और जिलाधिकारी को शिकायती पत्र देकर जांच की मांग की।
आरोप लगाया कि कॉलेज के प्रबंधक एक राज्यसभा सांसद भाई हैं। उन्होंने वर्ष 2012 में कथित फर्जी नियुक्तियां करने, कूटरचित सदस्यता एवं चुनाव कराने, सरकारी अभिलेख गायब करने, ग्राम समाज की शैक्षणिक भूमि के अवैध विक्रय, सरकारी भूमि पर कथित अवैध कब्जा तथा सार्वजनिक धन के दुरुपयोग किया। शिकायत के अनुसार शिक्षा के उद्देश्य से ग्राम समाज द्वारा कॉलेज को उपलब्ध कराई गई करीब 160 बीघा भूमि, जिसकी बाजार कीमत लगभग 50 करोड़ रुपये बताई गई है, उसे कथित रूप से केवल 7.42 करोड़ रुपये में बेच दिया गया। समाजसेवी कृष्णकांत ने कहा कि 38 सालों से कॉलेज बिना लीज के चल रहा है। इसके बावजूद भी इनके फर्जीवाड़े रुके नहीं। फर्जी तरीके से कॉलेज की प्रबंध समिति में सगे संबंधियों को शामिल कराया गया। आरोप लगाया कि उन्हें राजनीतिक संरक्षण प्राप्त है, इसलिए कई बार शिकायत करने पर भी कार्रवाई नहीं हो रही है। यह मामला केवल एक कॉलेज तक सीमित नहीं है, बल्कि सार्वजनिक संपत्ति, शिक्षा व्यवस्था और सरकारी धन से जुड़ा गंभीर विषय है। इससे करोड़ों रुपये के राजकोषीय नुकसान के साथ शिक्षा व्यवस्था की पारदर्शिता पर भी सवाल खड़े होते हैं। उन्होंने मांग की है कि पूरे मामले की स्वतंत्र एसआईटी और विजिलेंस जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए।


















